आज शास्त्री जी के जन्मदिन पर उन्हें नमन। हम सभी शास्त्री जी की ईमानदारी,सादगी,राष्ट्रप्रेम यही सुनकर बड़े हुए है. शायद भारतीय राजनीती का इकलौता ऐसा शख्स है जो लगभग निर्विवाद है. या यूँ कहे की जब हम भविष्य की राजनीति की तरफ देखते है तो आदर्श राजनेता की छवि कुछ शास्त्री जी जैसी ही उभरती है. हमें इस बात पर गर्व है की ऐसा व्यक्ति हमारा प्रधानमंत्री रहा है. आज उसी देश में एक ऐसे राजनेता का उदय हुआ है जिससे बढ़िया रिश्तों की तिजारत आज तक कोई कर पाया होगा इसमें संदेह है.गरीब गुरवों के नाम की राजनीती लोग करते आये है लेकिन खुद की गरीबी बदहाली का विद्रूप रच के सत्ता तक कैसे पहुंचा जा सकता इस पर दुनिया भर के विपणन के पंडित हैरान है. बात यहीं तक रहती तो ठीक था अब तो विश्व गुरु बनना है तो माँ की याद तो "अमेरिकन लाला " की गोद में ही आएगी।
शास्त्री जी आप हमें बहुत याद आते है.